Karun Nair ने Ranji Trophy 2025-26 में Kerala के खिलाफ शानदार शतक लगाकर 9,000 First-Class runs पूरे किए। जानें कैसे उनकी यह पारी Team India में वापसी की दस्तक बन सकती है।
कहते हैं, “कुछ लोगों का वक्त जाता है, लेकिन हुनर नहीं।” Karun Nair उन क्रिकेटरों में से हैं जिनके बल्ले की आवाज़ कभी भारत के टेस्ट इतिहास में गूंजी थी — और अब, Ranji Trophy 2025-26 में, वही आवाज़ फिर सुनाई दी।
केरल के खिलाफ जब कर्नाटक की पारी 13/2 पर लड़खड़ा रही थी, तब मैदान पर उतरे नायर। चेहरा शांत, लेकिन नज़रों में वो पुराना जोश। कुछ ही घंटों में स्कोरबोर्ड पर नायर के नाम के आगे “100”* चमक उठा — और इसके साथ ही उन्होंने पार कर लिया 9000 First-Class runs का शानदार माइलस्टोन।
जज़्बे की मिसाल — गिरकर फिर उठने की कहानी
याद है वो 2016 की त्रिपल सेंचुरी? भारत के लिए टेस्ट में 303* — तब लगा था कि Karun Nair भारतीय क्रिकेट का अगला बड़ा चेहरा होंगे।
लेकिन क्रिकेट में किस्मत भी एक खिलाड़ी होती है — कभी साथ देती है, कभी नहीं। कुछ सालों तक टीम इंडिया की जर्सी उनसे दूर रही, IPL में भी मौके सीमित हो गए।
फिर भी नायर ने हार नहीं मानी। उन्होंने किया वही जो हर असली खिलाड़ी करता है — “Back to basics.” नेट्स में घंटों मेहनत, फिटनेस पर फोकस और मन में एक ही सपना: वापसी करना, अपने बैट से जवाब देना।
अब आया असली जवाब
इस सीज़न में पहले ही Goa के खिलाफ उन्होंने 174 रन* की शानदार पारी खेली थी। और अब Kerala के खिलाफ इस शतक के साथ, उन्होंने साबित किया कि क्लास कभी पुरानी नहीं होती।
उनकी यह पारी 161 गेंदों में आई, जिसमें 10 चौके और 2 छक्के थे। हर बाउंड्री में एक अलग कहानी थी — संघर्ष की, संयम की, और आत्मविश्वास की।

9000 रन का मुकाम — सिर्फ आंकड़ा नहीं, इज़्ज़त का प्रतीक
9,000 रनों का आंकड़ा ऐसा नहीं कि कोई भी पार कर ले। यह उन खिलाड़ियों के लिए होता है जिन्होंने सालों-साल घरेलू क्रिकेट में देश का नाम रोशन किया हो।
नायर अब कर्नाटक के उन दिग्गजों की सूची में शामिल हो गए हैं जिनमें Rahul Dravid, Robin Uthappa, और Mayank Agarwal जैसे नाम हैं।
ये सिर्फ एक रिकॉर्ड नहीं — ये है मेहनत, धैर्य और जुनून का प्रतीक।
क्या अब लौटेगी Team India में जगह?
इस शतक के बाद चर्चा फिर से तेज़ हो गई है — “क्या Karun Nair Team India के लिए फिर से दरवाज़े खटखटा रहे हैं?” उनकी फॉर्म, अनुभव और शांति उन्हें एक बार फिर चयनकर्ताओं के रडार पर ला सकती है।
भारत-दक्षिण अफ्रीका टेस्ट सीरीज़ आने वाली है, और नायर का यह प्रदर्शन शायद “कॉल-अप” की घंटी बजा दे।
फैंस की भावनाएँ
सोशल मीडिया पर फैंस की प्रतिक्रियाएँ कुछ ऐसी थीं —
“The comeback of a class player!”
“Karun Nair never went away, he was just waiting for the right moment.”
यह सिर्फ क्रिकेट नहीं, एक भावनात्मक सफर है —
जहाँ हर रन में मेहनत है, हर चौके में विश्वास, और हर शतक में एक नया संदेश — ‘मैं अभी ख़त्म नहीं हुआ।’
Karun Nair की यह पारी सिर्फ एक century नहीं थी — यह एक comeback statement थी। जब कोई खिलाड़ी गिरने के बाद दोबारा उठता है, तो उसकी हर शॉट एक कहानी कहती है। और आज, Karun Nair की कहानी फिर से चल पड़ी है —
जहाँ हर रन उम्मीद की नई लकीर बनाता है।





